Tag: आजादी के वीर सपूत

बाल गंगाधर तिलक का जीवन परिचय और विचार

स्वराज्य मेरा जन्म सिद्ध अधिकार है और मैं उसे लेकर रहूंगा” के उद्घोषक लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक का स्थान स्व॒राज्य के पथ-गामियों मे अग्रणीय है। उनकी दृढता का महामंत्र देश-विदेश में विद्युत की तीव्रगति की तरह गूंजा और दलितों एवं पीड़ितों...

लखनऊ के क्रांतिकारी और 1857 की क्रांति में अवध

1857 के स्वतंत्रता संग्राम में लखनऊ के क्रांतिकारी ने बहुत बड़ी भूमिका निभाई। इन लखनऊ के क्रांतिकारी पर क्या-क्या न ढाये जुल्मों सितम इन फिरंगियों ने भारतीयों पर। 1857 का विद्रोह शुरू होते ही तमाम लोगों को जानवरों की तरह जेलों में...

लखनऊ में 1857 की क्रांति का इतिहास

लखनऊ में 1857 की क्रांति में जो आग भड़की उसकी पृष्ठभूमि अंग्रेजों ने स्वयं ही तैयार की थी। मेजर बर्ड के अनुसार कम्पनी सरकार के अधिकारी और कर्मचारी दोनों ही झूठे आरोप लगाकर लोगों की जमीनें हड़प लेते थे। सेना के...

स्वामी दयानंद सरस्वती का जीवन परिचय और आजादी में योगदान

उन्नीसवीं शताब्दी में भारत के पुनर्जागरण के लिए जो विविध आंदोलन प्रारंभ हुए, उनमें आर्य समाज का स्थान सर्वोपरि है।इसके संस्थापक स्वामी दयानंद सरस्वती पुनर्जागरण की उस प्रवृत्ति के प्रतिनिधि थे जिसने अपनी प्रेरणा पाश्चात्य ज्ञान-विज्ञान से ग्रहण न कर प्राचीन शास्त्रों...

बहादुर शाह जफर का स्वतंत्रता संग्राम में योगदान

बहादुर शाह जफर भारतीय स्वतत्रता संग्राम के महान सेनानी थे। वे एक त्यागी और राष्ट्रीय एकता के प्रतीक थे। भारत के अंतिम मुगल सम्राट बहादुर शाह जफर का जन्म 24 अक्तूबर, 1775 को दिल्ली के लाल किले में हुआ था। उनकी माता का नाम...